दिल्ली के ओल्ड राजेंद्र नगर कोचिंग हादसे के बाद छात्रों का विरोध प्रदर्शन जारी, सुरक्षा और जवाबदेही की मांग तेज

नई दिल्ली: दिल्ली के ओल्ड राजेंद्र नगर स्थित एक कोचिंग संस्थान में हुए दर्दनाक हादसे के बाद छात्रों का विरोध प्रदर्शन लगातार जारी है। बड़ी संख्या में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्र सड़कों पर उतरकर प्रशासन और संबंधित अधिकारियों से जवाबदेही तय करने, दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने तथा कोचिंग संस्थानों में सुरक्षा मानकों को अनिवार्य रूप से लागू करने की मांग कर रहे हैं।

प्रदर्शनकारी छात्रों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं केवल एक संस्थान तक सीमित नहीं हैं, बल्कि कई कोचिंग केंद्रों में सुरक्षा व्यवस्था, भवन नियमों के पालन और आपातकालीन निकासी जैसी मूलभूत सुविधाओं की कमी लंबे समय से चिंता का विषय रही है। छात्रों ने मांग की है कि सभी कोचिंग संस्थानों का व्यापक सुरक्षा ऑडिट कराया जाए और नियमों का उल्लंघन करने वाले संस्थानों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।

प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने शांतिपूर्ण तरीके से मार्च निकाला और “न्याय चाहिए” जैसे नारे लगाए। उनका कहना है कि भविष्य में ऐसी त्रासदी दोबारा न हो, इसके लिए केवल जांच ही नहीं बल्कि ठोस सुधारात्मक कदम भी उठाए जाने चाहिए। प्रशासनिक अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है, जबकि मामले की जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया भी जारी है।

इस घटना के बाद संबंधित क्षेत्र में कई कोचिंग संस्थानों की जांच की गई है। नियमों के उल्लंघन पाए जाने पर कुछ परिसरों को सील करने और सुरक्षा मानकों की समीक्षा करने जैसी कार्रवाई भी की गई। विशेषज्ञों का मानना है कि छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए नियमित निरीक्षण, भवन नियमों का कड़ाई से पालन और आपदा प्रबंधन व्यवस्था को मजबूत करना आवश्यक है।

फिलहाल छात्रों का कहना है कि जब तक उनकी प्रमुख मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक उनका शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा। वहीं प्रशासन का दावा है कि मामले की निष्पक्ष जांच के साथ-साथ भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।